जम्मू-कश्मीर में मॉनसून का कहर! किश्तवाड़ में बादल फटने से मची तबाही, मलबे में दबीं कई गाड़ियां, देखें वीडियो

Jammu Kashmir Monsoon Disaster: जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही ने एक बार फिर पहाड़ी इलाकों में हालात मुश्किल कर दिए हैं। किश्तवाड़ जिले में रविवार देर रात हुई तेज बारिश के बीच क्वार हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट साइट के पास बादल फटने की घटना सामने आई। इसके बाद भारी मात्रा में मलबा और चट्टानें प्रोजेक्ट क्षेत्र में आ गईं, जिससे कई वाहन मलबे में दब गए। फिलहाल प्रशासन नुकसान का आकलन कर रहा है।
जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही के बीच क्वार हाइड्रोइलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट साइट सबसे ज्यादा प्रभावित हुई। बादल फटने के बाद तेज बहाव के साथ आए मलबे ने प्रोजेक्ट परिसर को अपनी चपेट में ले लिया। कई गाड़ियां कीचड़ और पत्थरों के नीचे दब गईं। अधिकारियों के अनुसार नुकसान का पूरा आंकलन अभी किया जा रहा है।
डोडा में लैंडस्लाइड, जम्मू-किश्तवाड़ हाईवे बंद
जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही का असर डोडा जिले में भी देखने को मिला। प्रेम नगर इलाके में भारी बारिश के बाद पहाड़ी से मलबा सड़क पर आ गिरा, जिससे जम्मू-किश्तवाड़ राष्ट्रीय मार्ग बंद हो गया। सड़क बंद होने से किश्तवाड़ की ओर जाने वाला यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया।
मलबा हटाने में जुटीं टीमें
जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही के बाद प्रशासन ने राहत और बहाली का काम शुरू कर दिया है। प्रभावित स्थानों पर मशीनें और टीमें तैनात की गई हैं। सड़क से मलबा हटाकर जल्द से जल्द यातायात बहाल करने की कोशिश जारी है।
मौसम पर लगातार नजर
जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही के बीच मौसम विभाग और प्रशासन हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। लगातार बारिश की संभावना को देखते हुए संवेदनशील इलाकों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। अधिकारियों ने लोगों से मौसम सामान्य होने तक अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है।
नुकसान का आकलन जारी
जम्मू-कश्मीर मॉनसून तबाही के बाद प्रभावित क्षेत्रों में नुकसान का सर्वे किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि सभी जरूरी कदम उठाए जा रहे हैं और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। फिलहाल राहत कार्य जारी है और प्रभावित इलाकों में हालात सामान्य करने के प्रयास किए जा रहे हैं।



