रेत माफियाओं का आतंक: स्कूल टाइम में बस्ती और बाजार से दौड़ रही अवैध रेत से भरी गाड़ियाँ, प्रशासन मौन

जांजगीर-बम्हनीडीह। बम्हनीडीह में रेत माफिया इतने बेखौफ हो चुके हैं कि अब दिनदहाड़े, स्कूल टाइम में भी भारी भरकम अवैध रेत से भरी गाड़ियाँ बस्ती और बाजार के बीच से दौड़ाई जा रही हैं। जहां एक ओर बच्चों की सुरक्षा खतरे में है, वहीं दूसरी ओर स्थानीय लोग सबकुछ जानते हुए भी खामोश हैं,वजह है रेत माफियाओं का रसूख और दबदबा।
सड़कें जर्जर, नगरवासी बेबस
रसूखदारों की चंद कमाई के चक्कर में बाजार बस्ती की सड़कों की हालत बद से बदतर हो चुकी है। गाड़ियों की तेज़ रफ्तार और ओवरलोडिंग से सड़कें टूट चुकी हैं। हर रोज़ धूल- कीचड़ और धक्का खाते नगरवासियों की सुनने वाला कोई नहीं।
‘महीना’ पहुंचते ही सब कुछ सेट
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, खनिज विभाग की मिलीभगत और “ऊपर तक सेटिंग” के चलते इस अवैध कारोबार को खुली छूट मिली हुई है। हर महीने तयशुदा “हिस्सेदारी” पहुंच जाती है, इसलिए कार्रवाई की कोई उम्मीद नहीं।
डर के साए में जी रहे लोग
बाजार और रिहायशी इलाकों से होकर जब ये ट्रक गुजरते हैं, तो लोग आवाज़ उठाने से भी डरते हैं। रेत माफियाओं की पहुँच इतनी ऊपर तक है कि कोई भी उनके खिलाफ बोलने से पहले सौ बार सोचता है।
अब सवाल यह है:
क्या प्रशासन किसी बड़े हादसे के इंतज़ार में है, क्या स्कूल जाते बच्चों की जान की कोई कीमत नहीं, क्या बम्हनीडीह को माफिया राज से आज़ादी दिलाने कोई सामने आएगा?
नगर पंचायत चुनाव में मुख्य मुद्दा होगा “अवैध रेत”
आने वाले कुछ समय बाद बम्हनीडीह नगर पंचायत का चुनाव है, जिस तरह से रेत माफियाओं का आतंक सर चढ़ के बोल रहा है,जनता इससे त्रस्त है नगरवासियों का कहना है कि रेत माफिया की हिम्मत बहुत बढ़ चुकी है,नगर पंचायत चुनाव में अवैध रेत खनन और परिवहन मुद्दा होगा,नगरवासी रेत माफियाओं पर शिकंजा कसने वाले प्रत्याशी पर ही दाव लगाने की बात कर रहे है,अब देखना होगा कि इस अवैध रेत पर कौन खुलकर सामने आता है।



