Reg No. CG-06-0026209
IMG-20250604-WA0015-1
IMG-20250604-WA0014-1
Mukesh tiwari janjgir-champa (26 January 2026) (Page-03).jpg
Mukesh tiwari janjgir-champa (26 January 2026) (Page-02).jpg
Mukesh tiwari janjgir-champa (26 January 2026) (Page-01).jpg
छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पादेश- विदेशराज्य एवं शहररायपुर

Suvendu Adhikari Allegations : चार गोलियों ने ली जान: पोस्टमार्टम के बाद बोले शुभेंदु अधिकारी, चंद्रनाथ की हत्या को बताया ‘वेल प्लैंड मर्डर’

बारासात/नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल के नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी ने अपने निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की हत्या को लेकर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला है। गुरुवार को बारासात स्टेट जनरल अस्पताल पहुँचे शुभेंदु ने आरोप लगाया कि यह हत्या पूरी तरह से एक “राजनीतिक प्रतिशोध” है। उन्होंने दावा किया कि चूंकि उन्होंने चुनावी मैदान में ममता बनर्जी को शिकस्त दी है, इसीलिए अब उनके करीबियों को चुन-चुनकर निशाना बनाया जा रहा है।

‘अगर मैं उन्हें न हराता, तो जिंदा होते चंद्रनाथ’ मीडिया से बात करते हुए शुभेंदु अधिकारी ने भावुक और आक्रामक लहजे में कहा, “अगर चंद्रनाथ मेरे पीए नहीं होते या मैंने ममता बनर्जी को नंदीग्राम में नहीं हराया होता, तो शायद आज उनकी हत्या नहीं होती।” उन्होंने स्पष्ट किया कि चंद्रनाथ की किसी से कोई निजी दुश्मनी नहीं थी और उन्हें सिर्फ शुभेंदु का करीबी होने की सजा दी गई है।

See also  बर्थडे पार्टी से लौटते युवक की मौत तेज रफ्तार बाइक पुलिया से गिरी…

पोस्टमार्टम में चार गोलियों की पुष्टि शुभेंदु अधिकारी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट से साफ हुआ है कि हमलावरों ने चंद्रनाथ रथ को चार गोलियां मारी थीं। यह एक सोची-समझी और सुनियोजित हत्या (Contract Killing) थी। गौरतलब है कि बुधवार रात मध्यमग्राम में उनके घर के पास ही बाइक सवार हमलावरों ने चंद्रनाथ की कार को रुकवाकर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। इस हमले में उनके ड्राइवर बुद्धदेब बेरा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनकी हालत अभी भी नाजुक बनी हुई है।

जांच और कार्रवाई की मांग अधिकारी ने जानकारी दी कि राज्य के डीजीपी से उनकी बात हुई है। पुलिस ने घटनास्थल से करीब 4 किलोमीटर दूर एक संदिग्ध मोटरसाइकिल बरामद की है और कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। हालांकि, उन्होंने राज्य सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि पुलिस पहले भी मामले सुलझाने में सक्षम थी, लेकिन राजनीतिक दबाव के कारण उन्हें काम नहीं करने दिया जाता था। फिलहाल इस मामले की जांच एसआईटी (SIT) और सीआईडी (CID) की संयुक्त टीम कर रही है।

Advertisment

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!