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खसरा नम्बर बदलकर भूमि बिक्री करने वाले प्रॉपर्टी डीलर व कांग्रेस नेता गिरफ्तार…फरार पटवारियों की तलाश जारी…

वर्ष 2010-11 मे खसरा नम्बर 424 के भूमि का फर्जी 22 बिन्दु प्रतिवेदन बनवाकर बिक्री कर खसरा नम्बर 409 पर दिया गया था कब्जा

सरकंडा जोरापारा स्थित भूमि मे किया गया फर्जीवाड़ा

बिलासपुर। आखिरकार 8 साल बाद सरकंडा पुलिस ने कोर्ट के निर्देश खसरा बदलकर जमीन का फर्जीवाड़ा करने वाले कांग्रेस नेता प्रॉपर्टी डीलर पर जुर्म दर्ज कर लिया है।जबकि फरार पटवारियों की तलाश की जा रही है।इस मामले को लेकर थाने में गहमा गहमी का माहौल बना रहा।

सरकंडा पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार विशेष न्यायाधीश न्यायालय बिलासपुर मे इस मामले का परिवाद पत्र प्रस्तुत किया गया था। प्रार्थी रजनीश साहू ने कोर्ट में परिवाद लगाकर बताए कि सरकंडा जोरापारा पहनं. 32 तहसील बिलासपुर मे सोनिया बाई व अन्य 3 के नाम पर 56 डिसमिल भूमि दर्ज था। जिसे बिक्री करने हेतु सिध्दांशु मिश्रा द्वारा सोनिया बाई वगैरह से मुख्तियारनामा प्राप्त कर लिया गया। वास्तव मे सोनिया बाई वगैरह के द्वारा उक्त खसरा नम्बर की भूमि मे से विक्रय योग्य भूमि का विक्रय पूर्व मे किया जा चुका था। रोड नाली आदि की भूमि सोनिया बाई के नाम पर राजस्व अभिलेखो मे शेष था, जिसका विक्रय नही किया जा सकता था। सिध्दांशु मिश्रा के द्वारा उक्त रोड नाली की भूमि को बिक्री करने हेतु तत्कालीन हल्का पटवारी चंदराम बंजारे एवं कमल किशोर कौशिक से सांठगांठ कर भूमि खरीदी करने वाले चन्द्रकुमारी फणनवीस, विलास शर्मा, अरूणा शर्मा, निलिनी एवं अर्चना जायसवाल को खसरा नम्बर 409 जो कि गेंदराम गुप्ता की भूमि थी को दिखाकर फर्जी 22 बिन्दु प्रतिवेदन तैयार कराया गया। इसके पश्चात् सोनिया बाई वगैरह के नाम पर दर्ज रोड नाली की भूमि का रजिस्ट्री कराकर भूमि क्रय करने वालो चन्द्रकुमारी फणनवीस, विलास शर्मा, अरूणा शर्मा, निलिनी एवं अर्चना जायसवाल को गेंदराम गुप्ता की भूमि खसरा नम्बर 409 का कब्जा दिलाया गया है। परिवादी द्वारा प्रस्तुत उपरोक्त परिवाद की जांच न्यायालय द्वारा डीएसपी से कराया गया शिकायत पर आरोप सत्य पाए जाने पर न्यायालय के आदेश पर उपरोक्त मामले मे थाना सरकंडा मे अपराध, 420, 465, 467,468, 471, 474, 120(ठ) भादवि, 13(1)(क्)(ख), 13(2) भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज कर जांच किया जा रहा था। किंतु जांच रिपोर्ट अस्पष्ट होने के आधार पर प्रकरण मे खारिजी क्र. 34/2018 दर्ज किया गया था।

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परिवाद और लंबित प्रकरणों की समीक्षा करके एसपी ने जांच करने दिए निर्देश

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पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के द्वारा न्यायालय के लंबित परिवादो की समीक्षा और शीघ्र न्यायालय को रिपोर्ट भेजने के निर्देश दिया गया। उक्त प्रकरण मे अस्पष्ट जांच रिपोर्ट के आधार पर प्रकरण मे खारिजी दर्ज किया गया था और न्यायालय में खारिज रिपोर्ट भी प्रस्तुत नहीं की गई थी ।
जिसके कार इस मामले को फिर से जांच करके रिपोर्ट सौंपी गई।जांच में मामला सही पाया गया ।जिसके कारण मामला दर्ज हुआ।

नए सिरे से जांच होने पर हुआ अपराध दर्ज

नए सिरे से जांच हेतु सीएसपी सरकंडा सिध्दार्थ बघेल को निर्देशित किया गया। जोरापारा सरकंडा मे सोनिया बाई वगैरह के नाम पर दर्ज भूमि खसरा नम्बर 424/1, 424/4, 424/5 एवं 424/आरोपी सिंध्दाशु मिश्रा द्वारा उक्त भूमि को विक्रय हेतु सोनिया बाई वगैरह से मुख्तियारनामा लेकर गेंदराम गुप्ता की भूमि खसरा नम्बर 409 को क्रेताओ को दिखाकर सौदा किया और पटवारी चन्दराम बंजारे एवं कमल किशोर कौशिक से मिलकर खसरा नम्बर 424/1, 424/4, 424/5 एवं 424/6 का फर्जी 22 बिन्दु प्रतिवेदन तैयार करवाकर क्रेताओ के पक्ष मे रजिस्ट्री कराकर खसरा नम्बर 409 पर क्रेताओ को कब्जा दिया गया है, जबकि क्रेता जिस भूमि के कब्जे पर है उस भूमि का विक्रय हुआ ही नही है। प्रकरण मे जांच करने वाले टीम के द्वारा शिकायकर्ता के द्वारा लगाए गए विशिष्ट 1 बिन्दु के आरोप पर जांच न करते हुए जांच का दायरा बढ़ाकर उक्त भूमि के खसरे का आपस मे अदल-बदल होना एवं दोनो खसरा की भूमि के स्वामियो को किसी प्रकार का आपत्ति न होने का आधार बनाकर अस्पष्ट जांच रिपोर्ट प्रस्तुत किया गया। जिसके वजह से प्रकरण मे खारिजी भेजा गया है जबकि मामले मे आरोपी के विरूध्द स्पष्ट साक्ष्य मौजूद है।

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सीएसपी ने जांच में मामला सही पाया तो प्रॉपर्टी डीलर को किया गिरफ्तार,दो फरार

सीएसपी सरकंडा ने प्रकरण मे अग्रिम विवेचना की गयी एवं आरोपी तत्कालीन पटवारी चंदराम बंजारे, कमल किशोर कौशिक एवं प्रॉपर्टी डीलर सिध्दांशु मिश्रा के विरूध्द उपरोक्त धारा के अंतर्गत सबूत पाए जाने से पर आरोपी सिंध्दांशु मिश्रा पिता मनोहर लाल मिश्रा उम्र 39 वर्ष साकिन सोनगंगा कॉलोनी सरकंडा को गिरफ्तार कर न्यायालय मे प्रस्तत किया गया। न्यायालय के आदेशानुसार आरोपी सिंध्दाशु मिश्रा को केन्द्रीय जेल बिलासपुर मे दाखिल कराया गया है।

फरार पटवारी की तलाश जारी, पुलिस बोली, ठिकाने में दबिश देकर कर रहे तलाश

सरकंडा थाना प्रभारी निलेश पांडे का कहना है कि इस मामले में जुड़े आरोपी पटवारी चंदराम बंजारे एवं कमल किशोर कौशिक की तलाश सरगर्मी से की जा रही है। यहां तक उनके ठिकाने पर भी दबिश दी जा रही है।उम्मीद है, फरार आरोपी जल्द पकड़ लिए जाएंगे।

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आज होगी जमानत आवेदन पर सुनवाई

सुधांशु मिश्रा के अधिवक्ता के द्वारा जमानत आवेदन प्रस्तुत किए जाने पर अदालत ने कल जमानत आवेदन पर सुनवाई करने का समय नीयत करते हुए कांग्रेस नेता को जेल रिमांड में भेजने के निर्देश दिए हैं। अदालत में कांग्रेस नेता को उपस्थित करने के साथ ही बड़ी संख्या में कांग्रेस नेताओं की भीड़ अदालत में लग गई थी।

अदालत में लगी समर्थकों की भीड़,कोर्ट ने सीएसपी और टीआई को लगाई फटकार

कांग्रेस सचिव सुधांशु मिश्रा को सिम्स में डाक्टरी मुलाहिजा के बाद एडीजे फर्स्ट भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के स्पेशल जज सुनील जायसवाल की अदालत में पेश किया गया। यहां सुधांशु मिश्रा के वकीलों के तर्क सुनने के पश्चात अदालत में उपस्थित थाना प्रभारी और सरकंडा सीएसपी को न्यायाधीश ने जमकर फटकार लगाई और पूछा कि 8 साल बाद अचानक कौन सा ऐसा तथ्य मिल गया जिसमें गिरफ्तारी की जरूरत पड़ी। जब मामले में खारिजी पुलिस के द्वारा ही प्रस्तुत हो चुकी है तो फिर आठ साल बाद अचानक गिरफ्तारी क्यों की गई, किसी को अचानक थाने बुलवा कर क्यों गिरफ्तार किया गया। जिस पर पुलिस अधिकारी बगले झांकने लगे।

तत्कालीन थाना प्रभारी और जांच अधिकारी लेनदेन करके मामले को कर दिए थे शांत

पुलिस सूत्र बता रहे है कि इस मामले में तत्कालीन थाना प्रभारी और सीएसपी के मिलीभगत के कारण अपराध कायम नहीं हुआ अन्यथा उसी समय अपराध कायम हो जाना था।अगर मामले को सही तरीके से जांच किया जाए तो मामले सामने आ जाएंगे।इसके लिए भी जांच करके कार्रवाई की जाएगी।

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

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