छत्तीसगढ़ के शिक्षकों को बड़ी राहत शिक्षा सत्र 2026-27 के अंत तक मिलेगी पुनर्नियुक्ति, शासन ने जारी की प्रशासकीय स्वीकृति

रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने शासकीय और शत-प्रतिशत अनुदान प्राप्त विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक संवर्ग के लिए बड़ा फैसला लिया है। स्कूल शिक्षा विभाग ने शिक्षा सत्र 2026-27 के अंत तक पात्र शिक्षकों को पुनर्नियुक्ति (Reappointment) देने के लिए प्रशासकीय स्वीकृति जारी कर दी है। इस निर्णय से प्रदेश के स्कूलों में शिक्षण व्यवस्था की निरंतरता बनाए रखने के साथ-साथ विद्यार्थियों की पढ़ाई भी बिना किसी व्यवधान के जारी रह सकेगी।
सहायक शिक्षक से लेकर प्राचार्य तक को मिलेगा लाभ
जारी आदेश के अनुसार, यह निर्णय सहायक शिक्षक, शिक्षक, व्याख्याता, प्रधान पाठक और प्राचार्य सहित पूरे शिक्षक संवर्ग पर लागू होगा। पात्र शिक्षकों को निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार शिक्षा सत्र 2026-27 समाप्त होने तक पुनर्नियुक्ति प्रदान की जाएगी।
लोक शिक्षण संचालनालय के प्रस्ताव को मिली मंजूरी
जानकारी के अनुसार, लोक शिक्षण संचालनालय (DPI) द्वारा भेजे गए प्रस्ताव पर राज्य शासन ने अनुमोदन प्रदान किया है। इसके बाद स्कूल शिक्षा विभाग ने पुनर्नियुक्ति संबंधी प्रशासकीय स्वीकृति जारी करते हुए आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
संचालक लोक शिक्षण को दिए गए निर्देश
आदेश में संचालक, लोक शिक्षण संचालनालय को निर्देशित किया गया है कि पुनर्नियुक्ति संबंधी जारी दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए पात्र शिक्षकों को शिक्षा सत्र 2026-27 के अंत तक पुनर्नियुक्ति देने की प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए।विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि पूरी प्रक्रिया निर्धारित नियमों और पात्रता के आधार पर संपन्न की जाएगी।
शिक्षण व्यवस्था रहेगी सुचारु
सरकार का मानना है कि इस फैसले से शासकीय एवं शत-प्रतिशत अनुदान प्राप्त विद्यालयों में शिक्षकों की उपलब्धता बनी रहेगी। इससे विद्यार्थियों की पढ़ाई प्रभावित नहीं होगी और पूरे शिक्षा सत्र के दौरान शिक्षण कार्य नियमित रूप से संचालित किया जा सकेगा।शिक्षा विभाग के इस फैसले को प्रदेश के शिक्षा क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे स्कूलों में शिक्षकों की कमी से उत्पन्न होने वाली समस्याओं को काफी हद तक रोका जा सकेगा।



