वन विभाग ने किया ऐसा की रेत चोरों की हो गई छुट्टी, मवेशी जंगली जानवरों के निस्तार का बना साधन…

अजीत पाटकर,
बैकुंठपुर-कोरिया। नगर और बरबसपुर ग्राम के बीच जमदुआरी जंगल अंतर्गत वनों से बीते कई वर्षों से भारी मात्रा में रेत का अवैध व्यापार स्थानीय लोगों द्वारा किया जाता था। जो वन विभाग के लिए बड़ा सर दर्द था साथ ही एक तरफ सड़क तो दूसरी तरफ रेल लाईन और बीच में जंगली नाला जिससे रेत का उत्खनन रेल्वे प्रबंधन को भी परेशान कर रखा था। और काफी समय से इसका कोई स्थाई समाधान नहीं निकल पा रहा था। परंतु बीते बरसात उक्त हलफली नाले में कोरिया वन मंडल ने एनीकट और स्टॉपडेम बनाकर इस रेत चोरों के धंधे को ही चौपट कर दिया है। अवगत करा दें की उक्त नाले में एनिकट और स्टॉपडेम बनने के बाद इस पूरे नाले में अथाह जल भराव हो गया है जिससे रेत निकलने वाले सभी स्थान कई फिट गहरे पानी में डूब गए हैं साथ ही ट्रैक्टरों के लिए नाले में बनाया गया मार्ग भी जलमग्न हो गया है जिससे बड़े पैमाने पर इस जगह से रेत की उठाई गिरी समाप्त होने के साथ वर्तमान में उजियारपुर, जामपारा, लकड़ापारा सहित नगर पहाड़पारा के मवेशियों सहित जंगली जानवरों के लिए जल स्रोत का बड़ा माध्यम बन चुका है।



