छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पा
रजोधर्म पर लिखना साहसिक कार्य, मिथक टूटेंगे आएगी जागरूकता – डॉ. पाठक, पुस्तक सुर्ख लाल : प्रेमी या राक्षस किताब विमोचित…

रजोधर्म पर लिखना साहसिक कार्य, मिथक टूटेंगे आएगी जागरूकता – डॉ. पाठक
पुस्तक सुर्ख लाल, प्रेमी या राक्षस किताब विमोचित
काजल के प्रयास को मिली सराहना सभी ने कहा, इस विषय पर पुस्तक लिखना साहसिक कदम
जांजगीर-चांपा। एक लड़की होकर भी स्त्री रजोधर्म के रूढ़ियों मिथकों,गलत अवधारणाओं के प्रति जागरूक करने के लिए लिखना और उसे एक पुस्तक का रूप देकर सामने लाना साहसिक कार्य है। रजो धर्म के प्रति रूढ़ियों को तोड़ने में यह पुस्तक क्रांतिकारी होगी। यह बात राजभाषा आयोग के पूर्व अध्यक्ष व बनारस विवि के कुलपति डॉ. विनय कुमार पाठक ने कही। वे जांजगीर की कु. काजल कसेर द्वारा लिखी पुस्तक सुर्ख लाल प्रेमी या राक्षस के विमोचन अवसर पर बोल रहे थे। अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस के दिन सेजेस क्रमांक एक जांजगीर में हुए इस कार्यक्रम में पुस्तक समीक्षा डॉ. अरूण कुमार यदु वरिष्ठ कवि एवं समीक्षक ने की उन्होंने कहा कि एक स्त्री के लिए रजोधर्म प्रकृतिदत्त वरदान है। कब इसे लेकर समाज मे भ्रांतियां आ गयी। क्यों यह वर्ज्य विषय हो गया यह चिंतनीय है। एक युवती ने इसे लेकर पुस्तक लिखी है जो इसके अनुभव से होकर गुजरती है,निश्चित ही वह अत्यंत सराहनीय है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ मान्यतायें हमारे पूर्वज बना कर गए वे तत्कालीन समय में विज्ञान व तर्कसम्मत थे पर जो रूढ़ियाँ बन गयी उसमे अब बदलाव आ रहा है । जिसकी एक बानगी ये पुस्तक है। डॉ. अश्वनी राठौर एमडी पैथोलॉजी ने मेनार्च से मेनोपॉज तक की स्त्री शरीर की इस प्रकिया पर मेडिकल सम्बन्धी जानकारी दी, अंकिता पाण्डेय शुक्ला सहायक प्राध्यापक व एनजीओ कार्यकर्ता ने बताया कि इस विषय पर वे ग्रामीण व रिमोट एरिया में काम कर रही हैं और 5000 सेनेटरी पेड निःशुल्क बांट रही हैं, डॉ. अदिती सिंह चिकित्सा अधिकारी ने बालिकाओं द्वारा इस संबंध में पूछे सवालों का जवाब दिया, बैशाखी पारिया प्राचार्य सेजेस, निशा खान प्रभारी सखी वन स्टाफ, व्याख्याता रेखा तिवारी ने भी संबोधित किया। शिखा शर्मा ने व्यक्तिगत अनुभव को शेयर करते हुए इस दिशा में उनके द्वारा किये गए कार्यो को बताया । परिलता फाउंडेशन व विप्लव शिक्षण व कल्याण समिति द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का संचालन व्याख्याता दिनेश चतुर्वेदी ने किया। आभार ज्ञापन व्याख्याता दीपक यादव ने किया। कार्यक्रम में मीरा कसेर, सचित साहू, लता कसेर, उषा कसेर,कालिदास साहू, सेवती साहू,हेमन्त मिश्रा, उषा सिंह,संजू कसेर, स्मिता कसेर,अनिल कसेर, नन्दिता कसेर, अविनाश कसेर,निशा कसेर,स्वीटी कसेर,शालू कसेर,सरस्वती सोनी सहित सेजेस क्रमांक 1 के छात्र छात्राये उपस्थित थे।
पुस्तक छपवाने व बांटने का बीड़ा उठाया समाजसेवी पवन सिंघानिया ने
कार्यक्रम में उपस्थित समाज सेवी पवन सिंघानिया ने पुस्तक की महत्ता को समझते हुए बताया कि पुस्तक की जितनी भी प्रतियां आवश्यक होगी उसे वे छपवायेंगे जाये वे चार- पांच हजार की संख्या में क्यों न हो। उन्होंने आनंदम धाम द्वारा चलाये जा रहे गो रक्षा अभियान की जानकारी दी और पुस्तक के प्रयास को सराहा। परिलता फाउंडेशन, विप्लव शिक्षण एवं कल्याण समिति का सहयोग भी पुस्तक के संपादन व प्रकाशन में लिया जावेगा।
महिलाओं में जागरूकता लाने की एक छोटी कोशिश है मेरी: काजल
लेखिका काजल कसेर ने बताया कि सम्पूर्ण स्वच्छता की शुरूआत शारीरिक स्वच्छता से होती है। महिलाओं के लिए यह और भी जरूरी हो जाता है क्योंकि महिलाओं के विशेष पांच दिनों को लेकर समाज में रूढ़ियां, चर्चा नहीं करने की बाध्यता सेनेटरी पैड के बजाय गंदे कपड़ों के इस्तेमाल से औरतों वाली बीमारी की ओर धकेल देती है। सेनेटरी पैड के प्रचार के लिए अक्षय कुमार जैसे बड़े नाम ब्राण्ड एम्बेसेडर बने हुए है फिर भी समाज जागरूक नहीं हो रहा है। इसलिए उन्होंने यह पुस्तक लिखी। जांजगीर की काजल कसेर इंजीनियरिंग स्नातक हैं वे सोशल वर्कर भी है।
पुस्तक को लेकर जागरूकता के लिए अभियान चलाएगी विप्लव
विप्लव के संस्थापक सदस्य डॉ अश्वनी राठौर,विकास मिश्रा,दीपक यादव ने बताया कि समाज में आज भी मासिक धर्म को लेकर केवल कुछ प्रतिशत महिलाएं ही सजग हैं, जो मासिक धर्म से जुड़ी शारीरिक, मानसिक कुंठाओं को दरकिनार करते हुए उन्नति में सहयोग कर पाती हैं। यह प्रतिशत हमें बढ़ानी होगी और सबको जागरुक करना होगा। शालाओं में जो सेनेटरी पैड व मशीनें लगी है उसके सही उपयोग के लिए चिकित्सको व विशेषज्ञों की मदद से परिलता फाउंडेशन के साथ मिलकर विप्लव सामाजिक संस्था काम करेगी। काजल कसेर द्वारा लिखी पुस्तक को अधिक से अधिक लोगों तक विविध प्लेटफार्म के जरिये पहुंचाया जाएगा।



