Reg No. CG-06-0026209
WhatsApp Image 2026-06-28 at 09.42.10
IMG-20250604-WA0015-1
IMG-20250604-WA0014-1
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.56.31 (1)
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.55.51 (1)
छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पादेश- विदेशराज्य एवं शहररायपुर

करही गोलीकांड: गोलियों की गूंज अब दूसरे राज्यों तक, पुलिस के रडार पर कई चेहरे, अब खुलने लगीं हत्या की परतें, CCTV-कॉल डिटेल से जुड़ रहे सुराग, आयुष कश्यप मर्डर केस में बड़ा खुलासा करीब! कई जिलों में दबिश जारी, पुलिस का दावा — जल्दबाजी नहीं, पुख्ता सबूतों के साथ होगी कार्रवाई

जांजगीर-चांपा। करही गांव में हुई गोलियों की गूंज अब सिर्फ एक हत्या की जांच तक सीमित नहीं रह गई है। 19 वर्षीय आयुष कश्यप की हत्या और उसके भाई पर हुए हमले ने पुलिस के सामने एक ऐसी पहेली खड़ी कर दी है, जिसकी परतें अब धीरे-धीरे खुलती नजर आ रही हैं।

23-24 अप्रैल की रात बिर्रा थाना क्षेत्र के करही गांव में कांग्रेस नेता सम्मेलाल कश्यप के घर पर नकाबपोश हमलावरों ने धावा बोला था। कुछ ही मिनटों में चली गोलियों ने पूरे परिवार की जिंदगी बदल दी। आयुष कश्यप की मौत हो गई, जबकि उसका छोटा भाई आशुतोष घायल हो गया।

घटना के बाद शुरुआती जांच में पुलिस के सामने सवाल ज्यादा थे और जवाब बेहद कम। लेकिन अब जांच का दायरा गांव की गलियों से निकलकर कई जिलों और दूसरे राज्यों तक पहुंच चुका है।

See also  पी जयचंद्रन को पीएम मोदी ने दी श्रद्धांजलि...

धीरे-धीरे जुड़ रही हैं जांच की कड़ियां

सूत्र बताते हैं कि पुलिस अब इस मामले को सिर्फ स्थानीय रंजिश मानकर नहीं चल रही। जांच टीम कई ऐसे इनपुट पर काम कर रही है, जो वारदात के पीछे बड़े नेटवर्क या बाहरी कनेक्शन की ओर इशारा कर रहे हैं।

Advertisment

35 सदस्यीय विशेष टीम लगातार तकनीकी और जमीनी स्तर पर जांच में जुटी है। हजारों CCTV फुटेज खंगाले जा चुके हैं। मोबाइल कॉल डिटेल, लोकेशन ट्रैकिंग और संदिग्ध संपर्कों की पड़ताल की जा रही है। पुलिस ने अब तक 100 से ज्यादा लोगों से पूछताछ की है।

जांच से जुड़े सूत्रों का कहना है कि कुछ अहम सुराग मिले हैं, लेकिन पुलिस बिना पर्याप्त साक्ष्य के किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से बच रही है।

दूसरे राज्यों तक पहुंची पुलिस

एडिशनल एसपी उमेश कश्यप ने पुष्टि की है कि जांच के दौरान मिले इनपुट के आधार पर पुलिस टीमों को प्रदेश के कई जिलों और दूसरे राज्यों में भेजा गया है।

See also  कलेक्टर एवं सेना के अधिकारियों ने लिया अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया की तैयारियों का जायजा, पुलिस लाइन खोखरा जांजगीर में 15 से 23 दिसम्बर 2023 आयोजित की जाएगी भर्ती रैली...

उन्होंने कहा कि कई संदिग्ध पहलुओं की जांच की जा रही है और टीम आरोपियों की पहचान के बेहद करीब पहुंचने का प्रयास कर रही है।

पुलिस क्यों नहीं कर रही जल्दबाजी?

इस मामले में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर 15 दिन बाद भी पुलिस ने कोई बड़ा खुलासा क्यों नहीं किया। लेकिन जांच से जुड़े अधिकारी इसे रणनीतिक सतर्कता बता रहे हैं।

पुलिस का मानना है कि यदि बिना ठोस साक्ष्य के कार्रवाई की गई, तो पूरे मामले की दिशा प्रभावित हो सकती है। यही वजह है कि हर तकनीकी इनपुट और हर संदिग्ध गतिविधि को बारीकी से जांचा जा रहा है।

See also  CG NEWS: दुर्ग में बड़ा ‘बुलडोजर एक्शन’ : आरोपी के अवैध मकान पर चला प्रशासन का शिकंजा, देखते ही देखते ढहा दिया पूरा घर

क्या वारदात के पीछे बड़ा कारण?

हालांकि पुलिस आधिकारिक तौर पर अभी किसी एक वजह की पुष्टि नहीं कर रही, लेकिन जांच के दौरान कई संभावित एंगल सामने आए हैं। अवैध कारोबार, पुरानी रंजिश और बाहरी संपर्कों को लेकर भी जांच जारी है।

यही कारण है कि यह मामला अब केवल एक गांव की हत्या नहीं, बल्कि एक संगठित और सुनियोजित हमले के रूप में देखा जा रहा है।

जांच निर्णायक मोड़ पर?

पुलिस अधिकारियों का दावा है कि जांच अब अहम मोड़ पर पहुंच रही है। कई संदिग्ध गतिविधियों और नेटवर्क की पहचान की गई है। आने वाले दिनों में मामले में बड़ा खुलासा होने की संभावना जताई जा रही है।

फिलहाल करही गांव इंतजार में है — उस सच के, जो 23 अप्रैल की रात चली गोलियों के पीछे छिपा हुआ है।

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!