निकाय चुनाव तक बदल जाएगी भाजपा की पूरी टीम
संगठन में चुनाव शुरू, समिति बनी, कांग्रेस बोली- इसका मतलब तालमेल नहीं बन पा रही है, गुटबाजी चल रही
निकाय चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी अपनी टीम को नया कलेवर देने जा रही है। दरअसल प्रदेश में नए सिरे से सदस्यता अभियान चला अब संगठन के अलग-अलग पदों पर पदाधिकारी बदले जाएंगे। इसके लिए पार्टी के इंटर्नल इलेक्शन होंगे। इसके लिए
भाजपा ने हाल ही में समिति बनाई है।
समिति बनते ही कांग्रेस की ओर से प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज बोले- उनके नेताओं में आपसी तालमेल नहीं है। इस वजह से समिति बनाई गई है, प्रदेश अध्यक्ष को विशेष अधिकार होता है। कुछ शीर्ष नेताओं से चर्चा करने के बाद संगठन का भी फैसला कर सकते हैं, लेकिन समिति बनाकर उसपर निर्णय करना मतलब सीधा है कि सरकार और संगठन के बीच तालमेल नहीं है और इनकी गुटबाजी का नतीजा है।
कांग्रेस की ओर से आए इस बयान को प्रदेश के उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कोरी बकवास बताया है। साव ने कहा- संगठन में चुनाव की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। भारतीय जनता पार्टी संविधान के हिसाब से सदस्यता करती है, सक्रिय सदस्यता करती है, फिर बूथ इकाई से लेकर राष्ट्रीय अध्यक्ष तक का विधिवत रूप से चुनाव होता है। अब बूथ समिति के चुनाव की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। बूथ समिति के चुनाव के बाद मंडल समिति फिर मंडल समिति के बाद जिला प्रदेश और राष्ट्रीय समितियां का चुनाव होगा।
चुनावी परफॉर्मेंस भी देखा जाएगा भाजपा के संगठन पर्व मना रही है। 14 नवंबर से बूथ कमेटी के चुनाव शुरू हो चुके हैं, जो 20 नवंबर तक चलेंगे। इसके बाद मंडल और जिलाध्यक्ष के चुनाव होंगे। संगठन के इस चुनाव में कार्यकर्ता स्तर पर ये भी देखा जाएगा कि किसने विधानसभा और लोकसभा चुनावों में बेहतर काम किया। इसके बाद तैयार होने वाली संगठन की नई टीम ही निकाय चुनावों में जाएगी।



