Reg No. CG-06-0026209
IMG-20250604-WA0015-1
IMG-20250604-WA0014-1
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.56.31 (1)
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.55.51 (1)
b5ce874a-8a3f-482a-9d4a-eaf6ab18dc7e
छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पादेश- विदेशराज्य एवं शहररायपुर

इजरायल-हमास के बीच दूसरे चरण के युद्धविराम पर जल्द शुरू हो सकती है बातचीत, अमेरिका भी करेगा मध्यस्थता…

नई दिल्ली। इजरायल और हमास के बीच दूसरे चरण के युद्धविराम समझौते को लेकर उम्मीदें बढ़ गई हैं। इजरायल ने घोषणा की है कि वह अपने प्रतिनिधिमंडल को कतर भेजेगा ताकि युद्धविराम पर चर्चा को आगे बढ़ाया जा सके। दूसरी ओर, हमास ने भी मिस्र और कतर के मध्यस्थों के साथ इस मुद्दे पर सकारात्मक रुख दिखाया है। पहले चरण का युद्धविराम मार्च की शुरुआत में समाप्त होने के बाद अब दोनों पक्षों के बीच नए समझौते की तैयारियां शुरू हो गई हैं।

अमेरिका की भूमिका होगी अहम

इजरायल के प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक बयान जारी कर कहा कि उन्होंने अमेरिका के मध्यस्थता प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है। हालांकि, इस बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी गई। अमेरिका भी इस बातचीत में सक्रिय रूप से शामिल होगा। सूत्रों के मुताबिक, अमेरिका ने हमास के साथ सीधे संपर्क की पहल की है, जिसका इजरायल ने कड़ा विरोध किया। इस मुद्दे पर इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के करीबी रॉन डेरमर और अमेरिकी विशेष प्रतिनिधि एडम बोहलर के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। बता दें कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बंधक मामलों के लिए एडम बोहलर को अपना विशेष दूत नियुक्त किया है।

See also  राज्यपाल रमेन डेका ने केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से मुलाकात कर छत्तीसगढ़ की सृदृढ़ अर्थव्यवस्था के लिए निवेशक सम्मेलन आयोजन का प्रस्ताव रखा...

हमास पर बढ़ा दबाव

पिछले सप्ताह इजरायल ने हमास पर दबाव बढ़ाने के लिए गाजा में सभी आपूर्ति रोक दी थी। इजरायल का कहना है कि वह बंधकों की रिहाई और युद्धविराम के विस्तार के लिए हर संभव कोशिश कर रहा है। हमास के कब्जे में अभी भी 24 जीवित बंधक और 35 शव हैं। पहले चरण के समझौते में हमास ने 25 जीवित बंधकों को रिहा किया था और 8 शव सौंपे थे, जिसके बदले इजरायल ने करीब 2,000 फलस्तीनी कैदियों को छोड़ा था। इसके बाद इजरायल ने गाजा के बफर जोन से अपनी सेना हटा ली, जिसके चलते हजारों फलस्तीनी नागरिक गाजा में वापस लौटने लगे हैं। दूसरे चरण की बातचीत पिछले एक महीने से शुरू होने की उम्मीद थी, लेकिन अब तक सहमति नहीं बन पाई थी।

Advertisment

अब कतर और मिस्र की मध्यस्थता में होने वाली यह चर्चा दोनों पक्षों के लिए अहम मानी जा रही है। क्या यह समझौता क्षेत्र में शांति की दिशा में एक नया कदम साबित होगा, यह आने वाले दिनों में साफ हो सकेगा।

See also  कार या कटोरी दोनों के लिए तैयार रहता हूं - नारायण चंदेल, जांजगीर जिले को एजुकेशन हब बनाना मेरा लक्ष्य, प्रेस से मिलिए में पहुंचे नेता प्रतिपक्ष...

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!