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BDG ऑनलाइन सट्टा ऐप के हाईटेक नेटवर्क का पर्दाफाश, मास्टर एडमिन समेत 6 आरोपी गिरफ्तार

जांजगीर-चांपा। साइबर थाना जांजगीर पुलिस ने ऑनलाइन सट्टा कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए BDG ऑनलाइन सट्टा ऐप के जरिए अवैध कारोबार संचालित करने वाले स्थानीय एवं अंतरजिला नेटवर्क का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान मास्टर एडमिन सहित कुल छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
आरोपियों के कब्जे से ऑनलाइन सट्टा ऐप की आईडी, स्क्रीनशॉट, व्हाट्सएप चैट सहित सट्टा कारोबार में इस्तेमाल किए जा रहे स्मार्टफोन और अन्य डिजिटल साक्ष्य जब्त किए गए हैं। प्रारंभिक जांच में बैंकिंग लेन-देन के साथ-साथ USDT (क्रिप्टो डिजिटल करेंसी) के माध्यम से पैसों के लेन-देन के भी प्रमाण सामने आए हैं।
पुलिस के अनुसार, जिले में चलाए जा रहे ‘सायबर जागृति’ अभियान के दौरान आम लोगों को ऑनलाइन सट्टा, जुआ तथा अनजान APK फाइल डाउनलोड नहीं करने के लिए लगातार जागरूक किया जा रहा है। इसी दौरान साइबर थाना पुलिस को ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क के संबंध में महत्वपूर्ण सूचना प्राप्त हुई, जिसके आधार पर टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए नेटवर्क से जुड़े आरोपियों तक पहुंच बनाई।
 
मुखबिर की सूचना पर न्यू चंदनियापारा में दबिश
साइबर थाना जांजगीर को मुखबिर से सूचना मिली थी कि न्यू चंदनियापारा लिंक रोड, जांजगीर निवासी हेमलाल यादव उर्फ सोनू मोबाइल फोन के माध्यम से ऑनलाइन सट्टा संचालित कर रहा है। सूचना की तस्दीक के बाद साइबर थाना पुलिस टीम ने गवाहों की मौजूदगी में तत्काल दबिश दी। पूछताछ में हेमलाल यादव ने BDG नामक ऑनलाइन सट्टा गेम खेलने और इसके बड़े नेटवर्क से जुड़े होने की जानकारी पुलिस को दी।
पूछताछ में यह भी सामने आया कि उसे ऑनलाइन सट्टा खेलने की आईडी शैलेंद्र कुमार शर्मा उर्फ शैलू द्वारा उपलब्ध कराई गई थी। इसके बाद पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और आरोपी के मेमोरेंडम के आधार पर नेटवर्क की अगली कड़ी तक पहुंच बनाई।
 
मुख्य एडमिन तक पहुंची पुलिस
पुलिस ने मुख्य संचालक शैलेंद्र कुमार शर्मा उर्फ शैलू को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के मुताबिक पूछताछ में शैलेंद्र ने BDG ऑनलाइन सट्टा ऐप की मास्टर आईडी और लिंक अन्य लोगों तक पहुंचाने की बात स्वीकार की। जांच में सामने आया कि नेटवर्क कथित तौर पर नेटवर्क मार्केटिंग की तर्ज पर संचालित हो रहा था। इसमें नीचे नए लोगों को लिंक के माध्यम से जोड़ने पर ऊपर के एडमिन को कमीशन मिलता था।
पुलिस के अनुसार, जब नेटवर्क से जुड़ा व्यक्ति ऑनलाइन सट्टे में रकम लगाता था, तो उससे ऊपर जुड़े एडमिन को भी कमीशन प्राप्त होता था। इस तरह लिंक के जरिए नए लोगों को जोड़कर ऑनलाइन सट्टे का नेटवर्क लगातार बढ़ाया जा रहा था।
 
चार अन्य आरोपियों तक पहुंची जांच
मुख्य एडमिन शैलेंद्र कुमार शर्मा की निशानदेही एवं उपलब्ध तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने महेश प्रसाद राठौर, राकेश कुमार राठौर, दुर्गेश कुमार राठौर और हीरालाल यादव को भी हिरासत में लिया। इनके मोबाइल फोन की जांच के दौरान ऑनलाइन सट्टा ऐप की आईडी, स्क्रीनशॉट एवं चैट से संबंधित डिजिटल साक्ष्य मिलने पर उन्हें भी प्रकरण में गिरफ्तार किया गया।
जांच में यह भी सामने आया कि शैलेंद्र कुमार शर्मा द्वारा अब तक करीब 20 लाख रुपये का ऑनलाइन सट्टा खेले जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के मुताबिक लिंक के माध्यम से उसने कई अन्य लोगों को भी ऑनलाइन सट्टे से जोड़ा था और इस दौरान लाखों रुपये गंवाने की बात सामने आई है।
 
30 लाख रुपये से अधिक के लेन-देन के सुराग
साइबर थाना पुलिस की जांच में ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क में आधुनिक डिजिटल माध्यमों के इस्तेमाल का खुलासा हुआ है। आरोपियों द्वारा सामान्य डिजिटल लेन-देन के अलावा व्हाट्सएप चैट और USDT डिजिटल एसेट के माध्यम से भी पैसों का आदान-प्रदान किए जाने के प्रमाण मिले हैं।
पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान संबंधित खातों में करीब 30 लाख रुपये से अधिक के लेन-देन के सुराग मिले हैं। पुलिस अब इन लेन-देन की कड़ियों, सट्टा नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और दूसरे राज्यों से संभावित कनेक्शन की भी गहन जांच कर रही है।
 
मोबाइल और डिजिटल साक्ष्य जब्त
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त स्मार्टफोन, ऑनलाइन सट्टा ऐप की आईडी, स्क्रीनशॉट, व्हाट्सएप चैट तथा अन्य डिजिटल साक्ष्य जब्त किए हैं। इन इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की तकनीकी जांच के माध्यम से पुलिस नेटवर्क से जुड़े अन्य व्यक्तियों और वित्तीय लेन-देन की जानकारी जुटाने में लगी है।
 
ये आरोपी हुए गिरफ्तार
पुलिस ने मामले में निम्न छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है—
1. हेमलाल यादव उर्फ सोनू, उम्र 47 वर्ष, निवासी न्यू चंदनियापारा लिंक रोड, जांजगीर।
2. शैलेंद्र कुमार शर्मा उर्फ शैलू, उम्र 45 वर्ष, निवासी शंकर विहार कॉलोनी लिंक रोड, जांजगीर, मुख्य एडमिन।
3. महेश प्रसाद राठौर उर्फ मुकेश, उम्र 47 वर्ष, निवासी न्यू चंदनियापारा वार्ड क्रमांक 07, जांजगीर।
4. राकेश कुमार राठौर उर्फ पप्पू, उम्र 45 वर्ष, निवासी हरियाली हेरिटेज के बगल, अकलतरा रोड, जांजगीर।
5. दुर्गेश कुमार राठौर उर्फ मनु, उम्र 45 वर्ष, निवासी पुराना चंदनियापारा लिंक रोड, जांजगीर।
6. हीरालाल यादव, उम्र 47 वर्ष, निवासी न्यू चंदनियापारा लिंक रोड, जांजगीर।
 
दूसरे राज्य से जुड़े नेटवर्क की भी जांच
पूछताछ के दौरान ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क के दूसरे राज्य से कनेक्शन होने के संकेत भी सामने आए हैं। पुलिस इस कनेक्शन की गहनता से जांच कर रही है। तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल चैट, सट्टा आईडी और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल के आधार पर नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है।
जुआ प्रतिषेध अधिनियम के तहत मामला दर्ज
पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम 2022 की धारा 07 एवं बीएनएस की धारा 112(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया।
 
ऑनलाइन सट्टे से दूर रहने पुलिस की अपील
जांजगीर-चांपा पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार के ऑनलाइन सट्टा, जुआ अथवा ऐप आधारित वित्तीय धोखाधड़ी के झांसे में न आएं। सोशल मीडिया, व्हाट्सएप, टेलीग्राम अथवा अन्य माध्यमों से मिलने वाले संदिग्ध लिंक और APK फाइलों को डाउनलोड नहीं करें तथा किसी अनजान व्यक्ति को बैंकिंग अथवा व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें।
पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन सट्टा एवं अन्य साइबर अपराधों में संलिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। साइबर अपराध से संबंधित किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को देने की अपील भी की गई है।

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Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

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