Reg No. CG-06-0026209
IMG-20250604-WA0015-1
IMG-20250604-WA0014-1
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.56.31 (1)
WhatsApp Image 2026-06-25 at 17.55.51 (1)
b5ce874a-8a3f-482a-9d4a-eaf6ab18dc7e
छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पादेश- विदेशराज्य एवं शहररायपुर

साय कैबिनेट में बड़ा फेरबदल की आहट? किस मंत्री का कटेगा पत्ता और किसकी चमकेगी किस्मत, जानिए अंदर की बात

रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में इन दिनों कड़ाके की गर्मी के साथ-साथ सियासी पारा भी सातवें आसमान पर है। रायपुर से लेकर दिल्ली तक बस एक ही बात की चर्चा सबसे तेज है क्या मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की कैबिनेट में कोई बड़ा फेरबदल होने वाला है? क्या कुछ मंत्रियों की छुट्टी होगी और कुछ नए चेहरों की एंट्री होगी?

इस पूरे मामले को लेकर सत्ता पक्ष (BJP) से लेकर विपक्ष (Congress) तक के गलियारों में कयासों और अटकलों का दौर जारी है. आइए आसान शब्दों में समझते हैं कि आखिर पूरा मामला क्या है और किस मंत्री के ‘नेम प्लेट’ पर संकट मंडरा रहा है.

क्या वाकई मंत्रियों का पत्ता कटने वाला है?

राजनीतिक गलियारों और सूत्रों की मानें तो सरकार के गठन को अच्छा-खासा समय बीत चुका है. ऐसे में अब परफॉर्मेंस (कामकाज के आधार पर) और क्षेत्रीय-जातीय संतुलन को लेकर चर्चाएं तेज हैं।

किन मंत्रियों पर है संकट:

Advertisment

उन मंत्रियों की धड़कनें तेज हैं जो पिछले कुछ समय से बंद कमरों में ही सिमट कर रह गए हैं और जिनके कामकाज को लेकर संगठन में नाराजगी की सुगबुगाहट है। चर्चा है कि ‘परफॉर्मेंस’ के आधार पर कुछ मंत्रियों के विभाग बदले जा सकते हैं या फिर उन्हें कैबिनेट से बाहर का रास्ता भी दिखाया जा सकता है।

See also  ड्राई डे के बावजूद खुली शराब दुकानें: कांग्रेस ने किया विरोध प्रदर्शन, भाजपा सरकार पर लगाया नशाखोरी बढ़ाने का आरोप

किसकी चमकेगी किस्मत:

जो विधायक लंबे समय से कतार में हैं और ‘मुख्य किरदार’ (मंत्री पद) पाने का इंतजार कर रहे हैं, उन्हें उम्मीद है कि आने वाले दिनों में उनके लिए खुशियों की सौगात आ सकती है।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने क्या कहा?

मंत्रिमंडल में बदलाव की इन तमाम खबरों पर खुद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने चुप्पी तोड़ी है. अपने दिल्ली दौरे को लेकर चल रही अटकलों पर विराम लगाते हुए सीएम साय ने साफ कहा:”मंत्रिमंडल में फेरबदल की बातें सिर्फ कयासों और अटकलों पर आधारित हैं।मेरे दिल्ली दौरे का कैबिनेट विस्तार या बदलाव से कोई लेना-देना नहीं है। मैं वहां नीति आयोग की बैठक और एनडीए (NDA) शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक में शामिल होने जा रहे हूँ। हालांकि, सीएम के इस बयान के बाद भी राजनीतिक पंडितों का मानना है कि ‘धुआं वहीं उठता है जहां कुछ सुलग रहा हो’।

See also  एक युवती की अंधे कत्ल के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को किया गिरफ्तार 

बीजेपी और कांग्रेस में छिड़ा जुबानी तीर

मंत्रिमंडल के इस संभावित फेरबदल को लेकर बीजेपी और कांग्रेस के नेता आपस में भिड़ गए हैं:कांग्रेस का तंज (सुशील आनंद शुक्ला): कांग्रेस का कहना है कि बीजेपी के अंदर खुद भूचाल आया हुआ है। अगर बीजेपी ढाई साल बाद अपने मंत्रियों को ‘काम न करने’ का ठीकरा फोड़कर हटाएगी, तो सवाल तो पूरे नेतृत्व पर उठेगा कि बाकी लोग क्या कर रहे थे?

बीजेपी का पलटवार (अनुराग अग्रवाल): बीजेपी के प्रवक्ता ने साफ किया कि हमारी सरकार बेहतर काम कर रही है। बीजेपी में किसी को रखने या हटाने की एक पूरी संवैधानिक प्रक्रिया है, यहाँ कांग्रेस की तरह ‘ढाई-ढाई साल’ का कोई बंटवारा या समझौता नहीं चलता।

See also  मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विशेष सत्र आयोजित करने के लिए विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह के प्रति किया आभार प्रकट

क्यों खास है जून का यह महीना?

छत्तीसगढ़ की राजनीति के लिए 12 जून के बाद का यह समय बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। एक तरफ जहां भाजपा में नए प्रदेश प्रभारी और कैबिनेट विस्तार को लेकर अंदरूनी सुगबुगाहट है, वहीं विपक्षी पार्टी कांग्रेस भी अपने नए प्रदेश अध्यक्ष की तलाश और अंतर्कलह से जूझ रही है (जहां टीएस सिंहदेव और दीपक बैज के बीच ‘युवा बनाम सीनियर’ की जंग छिड़ी हुई है)।

मुख्यमंत्री साय ने भले ही अभी फेरबदल की खबरों को खारिज कर दिया हो, लेकिन अंदरखाने मंत्रियों के रिपोर्ट कार्ड पर मंथन जारी है। अब देखना यह होगा कि आने वाले दिनों में किन ‘माननीयों’ की कुर्सी बचती है और किसका पत्ता कटता है।

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!