नवोदय प्रवेश जांच में आज आ सकता है बड़ा अपडेट, निजी स्कूल की रिपोर्ट के बाद जांच पूरी, आज शिक्षा विभाग को सौंपे जाने की चर्चा; अब कार्रवाई पर टिकी नजर

सूरजपुर। पीएम श्री स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय बसदेई में ग्रामीण कोटे के अंतर्गत छात्र के प्रवेश से जुड़े मामले में चल रही जांच को लेकर अब महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। शिक्षा विभाग से जुड़े सूत्रों के अनुसार जांच प्रक्रिया पूरी कर ली गई है और आज जांच प्रतिवेदन शिक्षा विभाग को सौंपे जाने की संभावना है। रिपोर्ट सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि जांच में कौन-कौन से तथ्य सामने आए और आगे विभागीय स्तर पर क्या कार्रवाई की जाती है।
बताया जा रहा है कि छात्र के पूर्व अध्ययन से संबंधित निजी विद्यालय से मांगी गई जानकारी बीईओ कार्यालय को प्राप्त हो चुकी थी। इसके बाद संबंधित दस्तावेजों और अभिलेखों का परीक्षण किया गया। सूत्रों का दावा है कि जांच अधिकारी द्वारा उपलब्ध रिकॉर्ड का मिलान करने के बाद जांच प्रतिवेदन तैयार कर लिया गया है।
आज सामने आ सकता है जांच का निष्कर्ष
तीन दिवस के भीतर जांच रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश के बाद लंबे समय से मामले में अंतिम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा था। अब सूत्रों के अनुसार जांच प्रतिवेदन तैयार है और आज इसे शिक्षा विभाग के समक्ष प्रस्तुत किया जा सकता है।
रिपोर्ट में छात्र के शैक्षणिक अभिलेख, पूर्व अध्ययन से संबंधित दस्तावेज और ग्रामीण कोटे के अंतर्गत प्रवेश की पात्रता से जुड़े बिंदुओं को शामिल किए जाने की बात सामने आ रही है। हालांकि जांच रिपोर्ट सार्वजनिक होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि जांच में वास्तव में क्या निष्कर्ष निकाला गया है।
पारिवारिक संबंधों का मुद्दा भी जांच के दायरे में
मामले में संबंधित छात्र के परिवार और रामानुजनगर क्षेत्र की एक प्राथमिक शाला के प्रधान पाठक के बीच करीबी पारिवारिक संबंध होने की चर्चा भी सामने आई थी। इस पहलू को लेकर भी सवाल उठे थे कि कहीं छात्र के शैक्षणिक अभिलेख अथवा प्रवेश प्रक्रिया में संबंधित व्यक्ति की कोई भूमिका तो नहीं रही।
हालांकि अब तक किसी व्यक्ति की संलिप्तता प्रमाणित नहीं हुई है। ऐसे में जांच रिपोर्ट में यदि इस पहलू की जांच की गई है तो उसके तथ्य भी सामने आने की उम्मीद है।
रिपोर्ट के बाद क्या होगा?
अब सबसे महत्वपूर्ण सवाल यही है कि जांच रिपोर्ट में क्या निष्कर्ष निकलता है और शिक्षा विभाग आगे क्या कदम उठाता है? यदि दस्तावेजों में किसी प्रकार की अनियमितता या पात्रता संबंधी विसंगति सामने आती है तो विभागीय स्तर पर नियमानुसार कार्रवाई का रास्ता खुल सकता है। वहीं यदि जांच में सभी अभिलेख और पात्रता सही पाई जाती है तो मामले पर स्थिति भी स्पष्ट हो जाएगी।
शिक्षा विभाग के सूत्रों के अनुसार रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद उच्च अधिकारी दस्तावेजों और जांच निष्कर्षों का परीक्षण करेंगे। इसके बाद ही आगे की कार्रवाई को लेकर निर्णय लिया जाएगा।
अब निगाह जांच रिपोर्ट पर
नवोदय विद्यालय जैसे केंद्रीय विद्यालय में ग्रामीण कोटे के अंतर्गत प्रवेश से जुड़ा मामला होने के कारण जांच के निष्कर्ष पर सभी की नजर है। निजी विद्यालय की रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद जांच पूरी होने और अब प्रतिवेदन विभाग को सौंपे जाने की चर्चा ने मामले को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।
अब सवाल सिर्फ जांच पूरी होने का नहीं, बल्कि जांच रिपोर्ट में क्या सामने आया और उसके आधार पर शिक्षा विभाग क्या निर्णय लेता है—इस पर टिका है।



