Mahtari Vandan Yojana: महतारी वंदन योजना की 30वीं किस्त का इंतजार, जानिए कब आ सकती है राशि और कैसे चेक करें पेमेंट स्टेटस

रायपुर। छत्तीसगढ़ की महतारी वंदन योजना का लाभ ले रही लाखों महिलाओं को अब 30वीं किस्त का इंतजार है। योजना के तहत हर महीने पात्र महिलाओं के बैंक खातों में आर्थिक सहायता राशि डीबीटी (DBT) के माध्यम से भेजी जाती है। ऐसे में सवाल है कि अगस्त 2026 की 30वीं किस्त कब जारी होगी और लाभार्थी अपने खाते में राशि पहुंची या नहीं, इसकी जानकारी कैसे प्राप्त कर सकते हैं।
कब आ सकती है 30वीं किस्त?
सरकारी सूत्रों और मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, महतारी वंदन योजना की राशि आमतौर पर हर महीने की 1 से 10 तारीख के बीच जारी की जाती है। हालांकि, प्रशासनिक कारणों से कभी-कभी भुगतान की तारीख आगे भी बढ़ सकती है। पिछली यानी 29वीं किस्त 11 जुलाई 2026 को जारी की गई थी, जिसके तहत प्रदेश की 66.74 लाख से अधिक महिलाओं के बैंक खातों में 626.25 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए थे।
इसी क्रम को देखते हुए संभावना जताई जा रही है कि 30वीं किस्त अगस्त 2026 के पहले सप्ताह में जारी की जा सकती है। हालांकि, सरकार की ओर से अभी तक इसकी आधिकारिक तारीख घोषित नहीं की गई है।
ऐसे चेक करें खाते में पैसे आए या नहीं
किस्त जारी होने के बाद राशि लाभार्थियों के बैंक खातों में सीधे डीबीटी के माध्यम से भेजी जाती है। भुगतान होने पर अधिकांश लाभार्थियों को उनके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर एसएमएस भी प्राप्त होता है। यदि एसएमएस नहीं मिला है, तो ऑनलाइन भी भुगतान की स्थिति देखी जा सकती है।
इसके लिए इन आसान चरणों का पालन करें—
- महतारी वंदन योजना की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
- “आवेदन एवं भुगतान स्थिति” विकल्प पर क्लिक करें।
- अपना पंजीकरण नंबर या मोबाइल नंबर दर्ज करें।
- स्क्रीन पर आपकी आवेदन और भुगतान की पूरी जानकारी दिखाई देगी।
इसके अलावा लाभार्थी महतारी वंदन योजना के मोबाइल ऐप के माध्यम से भी भुगतान की स्थिति की जांच कर सकते हैं।
अब तक जारी हो चुकी हैं 29 किस्तें
11 जुलाई 2026 को मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास से महतारी वंदन योजना की 29वीं किस्त जारी की थी। इस दौरान प्रदेश की 66 लाख से अधिक पात्र महिलाओं के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से 626.25 करोड़ रुपये की राशि ट्रांसफर की गई थी। अब प्रदेश की महिलाएं 30वीं किस्त जारी होने का इंतजार कर रही हैं।



