जैजैपुर में नेशनल लोक अदालत का आयोजन, 313 प्रकरणों का हुआ निराकरण

जांजगीर-चांपा/जैजैपुर। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण बिलासपुर के आदेशानुसार तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जांजगीर-चांपा के मार्गदर्शन में 12 सितंबर 2026 को तालुका विधिक सेवा समिति जैजैपुर में वर्ष 2026 की तीसरी नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया गया।
नेशनल लोक अदालत में कुल 541 प्रकरण रखे गए, जिनमें से 313 प्रकरणों कराकरण किया गया। निराकृत प्रकरणों में कुल 94,700 रुपये का अवार्ड पारित किया गया।
एक फैसले ने मिटाई सालों की कड़वाहट
नेशनल लोक अदालत में आपसी विवाद का एक मामला आपसी समझौते के जरिए सुलझाया गया। मामले में प्रार्थी द्वारा थाना जैजैपुर में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी कि अभियुक्त देवसिंह एवं अन्य ने प्रार्थी/आहत गीता प्रसाद एवं योगेश चंद्रा के साथ अश्लील गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी और लोहे की रॉड से मारपीट की।
मामले में थाना जैजैपुर में अपराध दर्ज कर विवेचना के बाद अभियुक्तों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 296, 115(2), 3(5) के तहत अभियोग पत्र प्रस्तुत किया गया था।
लोक अदालत में पीठासीन अधिकारी ने दोनों पक्षों को समझाइश देते हुए कहा कि लड़ाई किसी समस्या का समाधान नहीं है और आपसी मधुर संबंध ही जीवन का आधार हैं। समझाइश के बाद दोनों पक्षों ने बिना किसी डर या दबाव के स्वेच्छापूर्वक राजीनामा कर लिया। दोनों पक्षों ने पुराने विवाद को भुलाकर एक-दूसरे से हाथ मिलाया और विवाद समाप्त करने पर सहमति जताई।
नेशनल लोक अदालत ने जहां कानूनी मामलों का त्वरित निराकरण किया, वहीं आपसी समझाइश के जरिए टूटते रिश्तों को जोड़ने और विवादों को खत्म करने की मिसाल भी पेश की।



