UP Politics: ‘2027 में होगा सपा का सफाया’! केशव मौर्य के बयान से यूपी की राजनीति में हलचल

Keshav Maurya on SP: केशव मौर्य का सपा पर हमला उत्तर प्रदेश की राजनीति में नई बहस का कारण बन गया है। राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर विधानसभा में शुरू हुई सियासत अब और तेज हो गई है। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में जनता पार्टी को करारा जवाब देगी। वहीं विपक्ष लगातार सरकार से राम मंदिर चढ़ावा मामले की जांच की मांग कर रहा है।
केशव मौर्य का सपा पर हमला उस समय सामने आया जब उन्होंने विधानसभा परिसर में मीडिया से बातचीत की। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सदन में प्रदेश के विकास और जनहित के मुद्दों पर चर्चा करना चाहते थे, लेकिन समाजवादी पार्टी के विधायकों ने हंगामा कर कार्यवाही बाधित कर दी।डिप्टी सीएम ने कहा कि सरकार जनता से जुड़े विषयों पर चर्चा चाहती है, जबकि विपक्ष सदन नहीं चलने देना चाहता।
‘जनता सब देख रही है’
केशव मौर्य का सपा पर हमला जारी रखते हुए उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी का मकसद विकास के मुद्दों पर बहस करना नहीं, बल्कि राजनीतिक माहौल बनाना है। उनके मुताबिक प्रदेश की जनता विपक्ष के रवैये को देख रही है और चुनाव में इसका जवाब देगी।उन्होंने कहा कि राज्य सरकार कानून व्यवस्था, विकास और जनकल्याण के मुद्दों पर लगातार काम कर रही है, जबकि विपक्ष केवल आरोप-प्रत्यारोप की राजनीति कर रहा है।
राम मंदिर विवाद पर दिया जवाब
केशव मौर्य का सपा पर हमला राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर भी देखने को मिला। उन्होंने कहा कि जो लोग पहले श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन का विरोध करते रहे, वे आज मंदिर से जुड़े विषयों पर सवाल उठा रहे हैं।मौर्य ने कहा कि राम मंदिर करोड़ों लोगों की आस्था का केंद्र है और इस विषय पर राजनीति करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि जनता ऐसे मुद्दों पर फैसला करना जानती है।
ज्ञानवापी और मथुरा पर भी उठाए सवाल
केशव मौर्य का सपा पर हमला केवल राम मंदिर तक सीमित नहीं रहा। उन्होंने समाजवादी पार्टी से पूछा कि वह काशी के ज्ञानवापी परिसर और मथुरा के श्रीकृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह विवाद पर अपना स्पष्ट रुख क्यों नहीं बताती।उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष इन मुद्दों पर चुप रहता है, लेकिन राम मंदिर को लेकर लगातार सवाल उठाता है।
2027 चुनाव को लेकर बड़ा दावा
केशव मौर्य का सपा पर हमला आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर भी जारी रहा। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2027 में उत्तर प्रदेश की जनता विकास, सुशासन और कानून व्यवस्था के आधार पर मतदान करेगी।डिप्टी सीएम ने कहा कि उन्हें विश्वास है कि जनता समाजवादी पार्टी की राजनीति का जवाब चुनाव में देगी। हालांकि यह उनका राजनीतिक बयान है और चुनावी नतीजे मतदाताओं के फैसले पर निर्भर करेंगे।
राजनीतिक माहौल और गरमाने के संकेत
केशव मौर्य का सपा पर हमला ऐसे समय सामने आया है जब राम मंदिर चढ़ावा विवाद को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने हैं। एक ओर सरकार विपक्ष पर सदन की कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगा रही है, तो दूसरी ओर विपक्ष इस पूरे मामले में जवाबदेही और जांच की मांग कर रहा है।आने वाले दिनों में विधानसभा के भीतर और बाहर इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है। 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले उत्तर प्रदेश की राजनीति में राम मंदिर और उससे जुड़े मुद्दे एक बार फिर प्रमुख चर्चा का विषय बनते दिखाई दे रहे हैं।



