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छत्तीसगढ़ में अनोखी शादी! बैलगाड़ी पर निकली बारात, दूल्हे ने दिया संस्कृति बचाने का संदेश

गरियाबंद : छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले में एक अनोखी शादी इन दिनों चर्चा का विषय बनी हुई है। आधुनिक दौर में जहां शादियों में लग्जरी कारों और भव्य सजावट का चलन बढ़ता जा रहा है, वहीं गरियाबंद के एक युवक ने अपनी शादी को पारंपरिक अंदाज में यादगार बना दिया। युवक ने बैलगाड़ी पर बारात निकालकर न सिर्फ लोगों का ध्यान आकर्षित किया, बल्कि समाज को अपनी संस्कृति और परंपराओं को सहेजने का संदेश भी दिया।

बैलगाड़ी पर निकली पारंपरिक बारात
यह अनोखी बारात कपसीडीह से मुड़तराई तक निकाली गई। खास बात यह रही कि बारात में आधुनिक वाहनों की जगह पारंपरिक बैलगाड़ियों का इस्तेमाल किया गया। सजी-धजी बैलगाड़ियों और ग्रामीण संगीत के साथ निकली बारात को देखने के लिए रास्तेभर लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी। गांव के बुजुर्गों से लेकर युवाओं तक हर कोई इस अनूठी पहल की सराहना करता नजर आया।

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दूल्हे पवन ध्रुव ने बताया कि वे अपनी शादी को केवल एक समारोह नहीं बल्कि संस्कृति संरक्षण का संदेश बनाना चाहते थे। उनका मानना है कि आधुनिकता के साथ-साथ अपनी जड़ों और परंपराओं से जुड़े रहना भी बेहद जरूरी है।

सादगी और संस्कृति की अनोखी मिसाल
पवन ध्रुव पेशे से इलेक्ट्रिशियन हैं और खेती-किसानी से भी जुड़े हुए हैं। उन्होंने अपनी शादी में फिजूल खर्च और दिखावे से दूर रहकर सादगी को प्राथमिकता दी। बैलगाड़ी में निकली बारात ने लोगों को पुराने दौर की याद दिला दी, जब गांवों में इसी तरह पारंपरिक अंदाज में शादियां होती थीं।

ग्रामीणों का कहना है कि आज की पीढ़ी जहां आधुनिक जीवनशैली में पारंपरिक मूल्यों को भूलती जा रही है, वहीं इस शादी ने युवाओं के सामने एक नई सोच पेश की है। लोगों ने इसे पर्यावरण के अनुकूल और सांस्कृतिक रूप से प्रेरणादायक पहल बताया।

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पर्यावरण संरक्षण का भी दिया संदेश
इस अनोखी शादी को सिर्फ परंपरा से जोड़कर नहीं देखा जा रहा, बल्कि इसे पर्यावरण संरक्षण से भी जोड़ा जा रहा है। जहां बड़े-बड़े काफिलों और महंगे वाहनों से प्रदूषण बढ़ता है, वहीं बैलगाड़ी से निकली यह बारात पूरी तरह पर्यावरण अनुकूल रही।

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स्थानीय लोगों का कहना है कि पवन ध्रुव की यह पहल आने वाले समय में कई युवाओं को प्रेरित कर सकती है। यह शादी इस बात का उदाहरण बन गई है कि सादगी और परंपरा के साथ भी किसी समारोह को खास बनाया जा सकता है।

Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

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