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ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल के नन्हे विद्यार्थियों ने किए गणपति बप्पा के दर्शन

जांजगीर-चांपा। ब्रिलियंट पब्लिक स्कूल बनारी, जांजगीर में संस्था संचालक आलोक अग्रवाल, डाॅ.गिरिराज गढ़ेवाल एवं संस्था प्राचार्या सोनाली सिंह के निर्देशन में 19 सितंबर 2026 को नर्सरी से यूकेजी तक के नन्हे विद्यार्थियों के लिए विशेष गणेश पंडाल भ्रमण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के 77 विद्यार्थियों एवं 7 शिक्षकों को जांजगीर-नैला स्थित प्रसिद्ध गणेश पंडाल “नैला, वाला मोहल्ला एवं कचहरी चैक का राजा” के दर्शन एवं भ्रमण के लिए ले जाया गया। विद्यार्थियों के साथ विद्यालय के प्री-प्राइमरी शिक्षक भी उपस्थित रहे और पूरे भ्रमण के दौरान बच्चों की देखभाल एवं मार्गदर्शन किया।
गणेशोत्सव के अवसर पर आयोजित इस भ्रमण का उद्देश्य बच्चों को भारतीय संस्कृति, धार्मिक परंपराओं एवं स्थानीय उत्सवों से परिचित कराना था। विद्यालय परिसर से विद्यार्थियों को शिक्षकों की देखरेख में सुरक्षित एवं व्यवस्थित तरीके से सर्वप्रथम नैला गणेश पंडाल में दर्शन कराने ले जाया गया तत्पश्चात्, वाला मोहल्ला नैला गणेश पंडाल ले जाया गया। पंडाल पहुंचने पर बच्चों ने भगवान श्री गणेश की आकर्षक प्रतिमा के दर्शन किए तथा पंडाल की भव्य सजावट और उत्सव के वातावरण को उत्सुकता के साथ देखा। वहाँ विद्यार्थियों को पोहा एवं जलेबी प्रसाद रूप में वितरित किया गया। विद्यार्थियों ने संगीत की धुन में नृत्य का आनंद भी लिया। तदुपरांत कचहरी चैक के राजा गणपति जी के दर्शन कराने ले जाया गया। बच्चें वहाँ पहुँचकर गणपति बप्पा मोरेया बोलकर जय-जयकार लगाने लगे। वहाँ विद्यार्थियों को प्रसाद के रूप में चाॅकलेट प्रदान किया गया।
नन्हे विद्यार्थियों में गणेश पंडाल को लेकर विशेष उत्साह दिखाई दिया। बच्चों ने भगवान गणेश की प्रतिमा, रंग-बिरंगी सजावट तथा पंडाल की विभिन्न व्यवस्थाओं को देखकर अपनी खुशी व्यक्त की। शिक्षकों ने बच्चों को गणेशोत्सव के महत्व तथा भगवान श्री गणेश को विघ्नहर्ता एवं बुद्धि और ज्ञान के देवता के रूप में पूजे जाने के बारे में सरल भाषा में जानकारी दी।
भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों की सुरक्षा और अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया। शिक्षकों एवं प्री-प्राइमरी स्टाफ ने बच्चों को समूह में रखा तथा उन्हें पंडाल परिसर में अनुशासन बनाए रखने के लिए प्रेरित किया। बच्चों ने भी शिक्षकों के निर्देशों का पालन करते हुए शांतिपूर्वक एवं उत्साहपूर्वक भ्रमण किया।
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार, इस प्रकार के शैक्षणिक एवं सांस्कृतिक भ्रमण बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कक्षा-कक्ष की पढ़ाई के साथ बच्चों को वास्तविक जीवन, संस्कृति और सामाजिक परंपराओं से जोड़ने से उनके अनुभव एवं ज्ञान का विस्तार होता है।
इस अवसर पर विद्यालय के नन्हे विद्यार्थियों के चेहरों पर उत्साह और प्रसन्नता स्पष्ट रूप से दिखाई दी। गणेश पंडाल का यह भ्रमण बच्चों के लिए मनोरंजक होने के साथ-साथ सांस्कृतिक एवं ज्ञानवर्धक अनुभव भी रहा। कार्यक्रम के सफल आयोजन में विद्यालय के शिक्षकों एवं प्री-प्राइमरी स्टाफ का महत्वपूर्ण योगदान रहा।



