पीएचई कोरिया कार्यपालन अभियंता के अफसरशाही की हद पार, बरसाती नाले का गंदा पानी पीने मजबूर ग्रामीण…

पीएचई कोरिया कार्यपालन अभियंता के अफसरशाही की हद पार
बरसाती नाले का गंदा पानी पीने मजबूर ग्रामीण
कोरिया-बैकुंठपुर। एस डी ओ पद पर कार्यरत रहते बिना पदोन्नति जुगाड़ से लोक स्वास्थ यांत्रिकी विभाग बैकुंठपुर कोरिया के कार्यपालन अभियंता बने चंद्र बदन सिंह के हाथों विभाग से जुड़े दायित्वों में लगातार लापरवाही पीएचई विभाग को खासा विवादित कर रखा है। कभी जलजीवन मिशन के कार्यों में उदासीनता तो कभी विभागीय मूल दायित्वों में लापरवाही।आपको बता दें की अफसर शाही की खुमारी में मस्त ईई साहब जबसे कुर्सी में बैठे हैं। इनकी निठल्ली अफसर शाही विभाग की ब्यवस्थाओं को कटघरे में लाकर खड़ा कर दिया है। अगर आम लोगों तक आसानी से पहुंचने वाली शुद्ध पेयजल आपूर्ति की बात करें तो कोरिया पी एच ई सिर्फ बदहाली ही दे पाया है जिसकी चर्चा आम ग्रामीणों से लेकर शहरी क्षेत्रों के हर वर्ग के जुबान पर सहज ही सुना जा सकता है। पी एच ई कोरिया की वर्तमान में बड़ी लापरवाही सामने आई है। मामला विकासखंड बैकुंठपुर के पटना कराहिया खांड उपरपारा का है। जहां के ग्रामीणों को आज भी बरसाती गंदे नाले के पानी से अपना गुजर बसर करना पड़ रहा है। जबकि मोहल्ले के थोड़ी ही दूरी पर सोलर सिस्टम से चलने वाली पानी टंकी भी लगाई गई है। और पानी भी पर्याप्त है। परंतु पी एच ई विभाग महज थोड़ी सी जहमत उठाने में गुरेज कर रहा है की उस पानी की बहाली वहां तक करा पाए।या फिर अजगर की भांति आलस्य का अफसरशाही राज चलाने की ठान रखे हैं कार्यपालन अभियंता लोक स्वास्थ यांत्रिकी विभाग बैकुंठपुर।
क्षेत्र के सत्ताधारी नेताओं में दावेदारी मजबूत करने मची होड़,नहीं दिख रही आम जनों की मूलभूत समस्या,
अवगत करा दें की जिस पटना क्षेत्र से यह बड़ी समस्या सामने आई है वहां पर कांग्रेस के बड़े कद के नेता भी रहते हैं और क्षेत्र में उनका इन दिनों बड़े पैमाने पर जनसंपर्क अभियान भी जारी है बावजूद ऐसे में क्या सिर्फ इन नेताओं को समस्या नहीं बल्कि अपने जनाधार को साधने मात्र का स्वार्थ दिख रहा है। जबकि प्रभावित ग्रामीणों ने बताया की उनके द्वारा क्षेत्र के विधायक सहित इन क्षेत्रीय नेताओं तक अपनी समस्या को अवगत भी कराया गया। पर इसके बाद भी अगर समस्या जस की तस है तो आगामी चुनाव के लिए क्या इन नेताओं का रास्ता आसान होगा।



