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छत्तीसगढ़जांजगीर-चाम्पा

डायल 112 से लोगों को तत्काल मदद मिले: उपमुख्यमंत्री शर्मा, राजधानी के सिविल लाइन स्थित कंट्रोल रूम पहुंचकर उपमुख्यमंत्री ने देखी डायल 112 की कार्यप्रणाली…

रायपुर। पुलिस, फायर और चिकित्सा संबंधी आकस्मिक जरूरत पड़ने पर लोगों को त्वरित सहायता उपलब्ध कराने के लिए संचालित की जा रही डायल 112 सुविधा के कंट्रोल रूम पहुंचकर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कार्यप्रणाली देखी। उन्होंने अधिकारियों को इस व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए जरूरी निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जरूरतमंद और आकस्मिक विपत्ती पड़े लोगों को तत्काल सहायता मिले इसका विशेष ध्यान रखा जाए। इस मौके पर विधायक गुरू खुशवन्त साहेब भी उनके साथ थे।

उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा के संचालन कक्ष के भ्रमण के दौरान अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक प्रदीप गुप्ता ने बताया कि पुलिस, फायर और चिकित्सा संबंधी आकस्मिक जरूरतों के मद्देनज़र जरूरतमंद नागरिकों द्वारा कॉल करके और विभिन्न सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के माध्यम् से डायल 112 से संपर्क किया जाता है। उन्होंने बताया कि कॉलर द्वारा संपर्क करने पर यह कॉल सी-4 स्थित कॉल टेकर सेक्शन में प्राप्त होती है, संचालन कक्ष में उपस्थित कॉल टेकर के द्वारा कॉलर आवश्यक पूछताछ कर एक इवेंट बनाया जाता है। जिसे तकनीकी भाषा में कॉल फॉर सर्विस कहा जाता है।

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प्रदीप गुप्ता ने बताया कि कॉल टेकर द्वारा बनाए गए सीएफएस को कंप्लीट करते ही यह इवेंट कम्प्यूटर ऐडेड डिस्पेच प्रणाली के माध्यम् से रियल टाईम में संबंधित जिला के डिस्पेचर स्टॉफ के सिस्टम में दिखाई देती है, जो उस घटनास्थल के नजदीक उपलब्ध इमरजेंसी रिस्पांस व्हीकल को सिस्टम में खोज कर आवश्यकतानुसार एक या एक से अधिक ईआरव्ही को उस इवेंट को अटैंड करने असाइन करता है। इवेंट पर असाइन होते ही संबंधित ईआरव्ही में मौजूद पुलिस ईआरव्ही में लगे मोबाईल डेटा टर्मिनल डिवाइस की मदद से तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना हो जाता है।

गुप्ता ने बताया कि पूरी प्रक्रिया का सी-4 में मौजूद पुलिस पर्यवेक्षण अधिकारी और संबंधित जिला के डिस्ट्रिक्ट पुलिस कंट्रोल रूम स्टॉफ द्वारा निगरानी की जाती है। इवेंट समाप्त होने पर ईआरव्ही स्टॉफ द्वारा की गई कार्यवाही के संबंध में एक ब्रीफ नोट लिखा जाता है, जिसे एक्शन टेकन रिपोर्ट कहा जाता है। पुलिस अधिकारियों द्वारा समय-समय पर कॉलरों से संपर्क कर फीडबैक लिया जाता है, ताकि सर्विस की गुणवत्ता में आवश्यक सुधार किए जा सकें।

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उपमुख्यमंत्री शर्मा ने विभिन्न कक्षों के अवलोकन पश्चात् डायल 112 परियोजना के शेष जिलों में भी प्रस्तावित क्रियान्वयन के संबंध में बैठक ली। बैठक के दौरान अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री प्रदीप गुप्ता ने पीडब्ल्यूसी कंसलटेंट कंपनी द्वारा तैयार किए गए पावर प्वाइंट प्रजेंटेशन के माध्यम से परियोजना के संपूर्ण प्रदेश में प्रस्तावित क्रियान्वयन के संबंध में जानकारी दी।

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इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव गृह एवं जेल मनोज कुमार पिंगुआ, पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा, पुलिस महानिरिक्षक रायपुर रतन लाल डांगी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रायपुर प्रशांत अग्रवाल, उप पुलिस महानिरीक्षक (योजना एवं प्रबंध) मनीष शर्मा एवं पुलिस अधीक्षक अभिषेक सिंह उपस्थित थे।

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Mukesh Tiwari

Editor in Chief- Dabang News Today

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